न्यूज़ डेस्क : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने समुद्री सुरक्षा को लेकर बेहद सख्त रुख अपनाया है। खासतौर पर Strait of Hormuz में बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए उन्होंने अमेरिकी नौसेना को साफ निर्देश दिए हैं कि किसी भी संदिग्ध कार्रवाई को तुरंत रोका जाए।
“देखते ही कार्रवाई” का आदेश
राष्ट्रपति ने स्पष्ट कहा है कि अगर कोई नाव समुद्र में बारूदी सुरंगें बिछाते हुए पकड़ी जाती है, तो उसे बिना देरी के नष्ट कर दिया जाए। उन्होंने यह भी जोर देकर कहा कि नाव का आकार मायने नहीं रखता—छोटी हो या बड़ी, किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। उनके मुताबिक, ऐसी परिस्थितियों में सेना को बिल्कुल भी हिचकिचाना नहीं चाहिए।
विरोधियों पर बड़ा दावा
अपने बयान में ट्रंप ने यह दावा भी किया कि विरोधी पक्ष के 159 नौसैनिक जहाज़ पहले ही नष्ट हो चुके हैं और समुद्र की तलहटी में पड़े हैं। हालांकि इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इससे उनके आक्रामक रुख का अंदाज़ा लगाया जा सकता है।
माइन हटाने का अभियान तेज
राष्ट्रपति ने बताया कि अमेरिकी ‘माइन स्वीपर्स’ इस समय होर्मुज क्षेत्र में सक्रिय हैं और समुद्र को सुरक्षित बनाने का काम कर रहे हैं। इस अभियान को और तेज करने के लिए उन्होंने इसकी क्षमता तीन गुना बढ़ाने का आदेश दिया है।
आगे और सख्ती के संकेत
ट्रंप के इन निर्देशों से साफ है कि अमेरिका इस क्षेत्र में अपनी सैन्य मौजूदगी और ताकत को और मजबूत करना चाहता है। उनका संदेश सीधा है—समुद्री सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।






