दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा में होने वाले महिला आरक्षण विधेयक के मतदान से पहले सभी सांसदों से इसे समर्थन देने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह केवल एक राजनीतिक मुद्दा नहीं, बल्कि देश की महिलाओं को उनका अधिकार दिलाने का महत्वपूर्ण अवसर है।
संवेदनशीलता से निर्णय लेने की अपील
उन्होंने सभी दलों से आग्रह किया कि वे सोच-समझकर और संवेदनशीलता के साथ निर्णय लें और ऐसा कोई कदम न उठाएं जिससे ‘नारी शक्ति’ की भावनाओं को ठेस पहुंचे।
चार दशक की राजनीति के बाद निर्णायक समय
मोदी ने कहा कि इस मुद्दे पर वर्षों तक राजनीति होती रही है, लेकिन अब समय आ गया है कि महिलाओं को उनका उचित प्रतिनिधित्व मिले और उन्हें बराबरी का हक दिया जाए।
सांसदों से अंतरात्मा की आवाज सुनने का आग्रह
उन्होंने सांसदों से कहा कि वे अपने परिवार की महिलाओं—मां, बहन, बेटी और पत्नी—को ध्यान में रखते हुए अपनी अंतरात्मा की आवाज सुनें और इस विधेयक के पक्ष में मतदान करें।
लोकतंत्र को मजबूत करने का अवसर
प्रधानमंत्री ने उम्मीद जताई कि यदि यह संशोधन सर्वसम्मति से पारित होता है, तो इससे न केवल महिलाओं की स्थिति मजबूत होगी बल्कि देश का लोकतंत्र भी और सशक्त बनेगा।






