आपका मिट्ठू आपको भेजवा सकता है जेल, हो जाए सावधान

न्यूज डेस्क: आज के समय में हर कोई शौक के लिए अपने घरों में पशु और पक्षी पलते हैं। इस लेख में आज हम तोता पर बात करने जा रहे हैं। जहां भारतीय तोता पालना गैरकानूनी है। हर किसी को यह बात मालूम नहीं है कि घरों में तोता पालना दंडनीय अपराध है ।आज हर कोई अपने घरों में तोता, मैना जैसे पक्षी रखते हैं। तोता तो बहुत ही मिलनसार पंछी होता है। जिसे जो सिखाया जाए वह वही बोलता है ।

3 साल की जेल

क्या आपको मालूम है कि घरों में कहे जाने वाले यही मिट्ठू और दीपू आपको 3 साल के लिए जेल भेजवा सकता है। जी हां, अगर आपने भी अपने घरों के पिंजरे में मिट्ठू को कैद किया है तो सावधान हो जाए। नहीं तो जेल जाना पड़ सकता है और साथ ही आपको 25000 तक का जुर्माना भी भरना पड़ेगा ।

तोता पालना गैरकानूनी

तोते को पालना हमारे घरों में परंपरा का एक हिस्सा है और तोता एक मित्र की तरह लोगों के घरों में रहता है। लेकिन, वन विभाग इस तरह से तोते को पालने को गलत बताते है। इसके लिए विधिवत कानून भी बनाया गया है। जिसके बाद कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

कई लोग भारतीय तोते को पकड़ कर बाजार में बेचते हैं। जिस पर वन विभाग द्वारा कार्रवाई भी की जाती है । संज्ञान में आने के बाद वन प्रांडल पदाधिकारी द्वारा कई तोते को कई तोते का रेस्क्यू भी कराया गया है।

वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972

वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 के तहत यह अधिनियम भारत में वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए बनाया गया है। इसके तहत, कई जानवरों और पक्षियों को संरक्षित किया गया है, जिनमें तोते भी शामिल हैं । इस अधिनियम के अंतर्गत अगर कोई गैरकानूनी तरीके से अगर तोता पल रहा है तो उसे पर 3 साल की सजा और 25000 तक का जुर्माना लगेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top